Nomaan Ilahi arrested from Panipat, how did an 8th pass youth become an ISI agent? Nomaan Ilahi arrested from Panipat, how did an 8th pass youth become an ISI agent?

पानीपत से गिरफ्तार नोमान इलाही,आठवीं पास युवक कैसे बना ISI का एजेंट?

हरियाणा के पानीपत से हाल ही में गिरफ्तार किए गए नोमान इलाही की कहानी सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक गंभीर चेतावनी बनकर सामने आई है। सिर्फ आठवीं कक्षा तक पढ़ाई करने वाला यह युवक, सोशल मीडिया का जानकार था और पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के लिए जासूसी कर रहा था।

चार बार पाकिस्तान यात्रा और आठ पासपोर्ट

पुलिस जांच में पता चला है कि नोमान इलाही ने चार बार पाकिस्तान की यात्रा की थी, जहाँ उसे ISI के कमांडर इकबाल काना से ट्रेनिंग मिली। उसके पास से आठ पासपोर्ट बरामद हुए हैं, जो उसके अंतरराष्ट्रीय संपर्कों की पुष्टि करते हैं। नोमान ने रेलवे स्टेशनों और अन्य महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की जानकारी ISI को भेजी थी।

सोशल मीडिया के माध्यम से संपर्क

नोमान इलाही सोशल मीडिया का जानकार था और उसने इसी माध्यम से ISI के एजेंट्स से संपर्क साधा। वह एन्क्रिप्टेड ऐप्स के जरिए संवेदनशील जानकारी साझा करता था। पुलिस के अनुसार, उसने लगभग 150 लोगों के साथ संपर्क स्थापित किया था, जो उसके नेटवर्क की व्यापकता को दर्शाता है।

प्रत्येक वीडियो के लिए 5,000 रुपये का भुगतान

नोमान को ISI से प्रत्येक वीडियो के लिए 5,000 रुपये का भुगतान मिलता था। यह राशि भारत के ही बैंक खातों में जमा की जाती थी, जिससे उसके वित्तीय लेन-देन की जांच की जा रही है।

सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता

नोमान इलाही की गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं और सोशल मीडिया पर सक्रिय संदिग्ध लोगों की निगरानी बढ़ा दी गई है। यह मामला दर्शाता है कि कैसे कम पढ़े-लिखे लोग भी सोशल मीडिया के माध्यम से देश की सुरक्षा के लिए खतरा बन सकते हैं।

नोमान इलाही की गिरफ्तारी ने सुरक्षा एजेंसियों को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि कैसे सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स का दुरुपयोग करके देश की सुरक्षा को खतरे में डाला जा सकता है। इस मामले की जांच जारी है और उम्मीद है कि इससे जुड़े अन्य लोगों की पहचान भी जल्द ही की जाएगी।