15 अगस्त 1947 को हमने अंग्रेजों से तो आजादी प्राप्त कर ली थी लेकिन क्या हम आजादी के 71 वर्ष बाद आर्थिक रुप से स्वतंत्र हुए हैं ? यह बड़ा सवाल है। हमारे देश में आज भी बड़ी संख्या में लोग गरीबी का दंश झेल रहे हैं। गरीबी पर चर्चा और बहस तो खूब होती है लेकिन सोशल मीडिया पर एक छात्र ने गरीबी, आर्थिक आजादी और आमदनी के सवाल का इतना चुटीले अंदाज में जवाब दिया जिसको पढ़कर लोग अपनी हंसी काबू में नहीं कर पा रहे हैं।
सोशल मीडिया पर एक फोटो खूब तेजी से वायरल हो रही है। ट्विटर पर राजा गोपाल सी नाम के यूजर ने एक फोटो शेयर की। फोटो एक छात्र के परीक्षा की कॉपी का है। कक्षा 7 के एक छात्र से गणित की परीक्षा में एक सवाल पूछा गया। सवाल यह था कि अगर एक महिला 15 माह में अठ्ठारह हजार रुपए कमाती है तो उसे तीस हजार कमाने में कितना समय लगेगा।
छात्र ने उत्तर को हल करते हुए पहले एक माह की आय निकाली उसके बाद फिर सात माह का निकालते हुए उसने लिखा कि महिला को 30,000 हजार रूपए कमाने में 25 माह या 2 साल 1 माह लगेगा। छात्र ने इसके साथ ही एक टिप्पणी की जिसको सोशल मीडिया पर खूब सराहा गया। छात्र ने लिखा ‘दिस वुमेन वर्कर इज अंडरपेड ‘ इसका अर्थ है कि महिला की आय जरुरत के हिसाब से बहुत ही कम है।
It is a Maths question. But look at the last line. This student is thinking beyond arithmetic. Teacher who shared this with me; her joy is unbound 😌 #education #criticalthinking #reasoning pic.twitter.com/q1kUAUK4Xr
— Rajagopal (@rajagopalcv) March 12, 2019
राजा गोपाल सी ट्विटर पर फोटो शेयर करते हु्ए लिखा कि यह गणित का सवाल है। लेकिन इसकी आखिरी लाइन देखिए। इस छात्र की सोच गणित से भी आगे है। जिस अध्यापिका ने यह तस्वीर मेरे साथ साझा कि है उसकी खुशी अबाध है। इसके बाद यह फोटो सोशल मीडिया पर खूब शेयर की गई और लोगों ने इस छात्र के तारीफ के पुल बांध दिए।
एक यूजर ने लिखा कि छात्र की यह टिप्पणी बहुत मायने रखती है। एक महिला द्वारा प्रदान किए गए कार्य के संदर्भ में उनके पास वास्तविक मूल्य निर्दिष्ट किए गए हैं जो बच्चे को अनुपयुक्त,अपर्याप्त और अनुचित लगता है। यह गणितीय आकड़े आर्थिक और सामाजिक मूल्य रुप से असाइन किए गए है। इसके साथ ही यूजर ने लिखा कि महिलाओं को हर जगह कम वेतन दिए जा रहे हैं। यहां तक कि एक बच्चा भी इसे समझता है। कंपनियां कब करेंगी?