देश इस वक्त कोरोना वायरस के संकट से जूझ रहा है। इसी बीच कांग्रेस और भाजपा के बीच सियासी घमासान भी जारी है। गुरुवार को कर्नाटक में कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। दरअसल कांग्रेस ने अपने ऑफिसियल ट्विटर अकाउंट से 11 मई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ पीएम केयर्स फंड के दुरुपयोग का आरोप लगाया। जिसमें कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई में सरकार की मदद के लिए लोग दान दे रहे हैं। शिकायतकर्ता ने सोनिया गांधी और ट्विटर हैंडल को संभालने में शामिल कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
वहीं इस मामले में अब कांग्रेस नेता डीके शिवकुमार ने कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा को चिट्ठी लिखी है। उन्होंने आरोप लगाया कि सोनिया गांधी पर एफआईआर गलत जानकारी के आधार पर लिखी गई है, इसे तुरंत निरस्त किया जाना चाहिए।
शिवकुमार ने कहा, भाजपा के एक कार्यकर्ता ने सोनिया गांधी के खिलाफ गलत सूचना के आधार पर राजनीतिक मकसद से शिकायत दर्ज कराई है। मैंने सीएम को चिट्ठी लिखी है और एफआईआर वापस लेने की मांग की है। मैं दोषी पुलिस अधिकारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और उन्हें निलंबित करने की भी मांग करता हूं।
दरअसल, कर्नाटक के शिवमोग्गा जिले में सोनिया गांधी के खिलाफ आईपीसी की धारा 153, 505 के तहत ये एफआईआर दर्ज की गई है। एफआईआर में अपील की गई है कि सोनिया गांधी के खिलाफ कानूनी कार्यवाही होनी चाहिए। ये एफआईआर प्रवीण नामक एक स्थानीय वकील द्वारा दर्ज की गई है।
प्रवीण कुमार ने कहा, ‘कांग्रेस ने पीएम केअर्स फंड को धोखाधड़ी कहा. अपने ट्विटर पर लिखा कि इसका इस्तेमाल जनता के लिए नहीं किया जा रहा है और पीएम इस फंड का इस्तेमाल कर विदेश यात्राओं पर जा रहे हैं. ये कोरोना की स्थिति में सरकार के खिलाफ अफवाहें हैं, इसलिए मैंने शिकायत दर्ज कराई है.