पुलवामा आतंकवादी हमले पर राजनीति भी शुरू हो गई है। कांग्रेस ने गुरुवार को कहा कि पुलवामा हमले के बाद पूरा देश जब गम में डूबा था और शहीदों को श्रद्धांजलि दे रहा था उस समय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जिम कॉर्बेट पार्क में फिल्म की शूटिंग में व्यस्त थे। कांग्रेस ने पूछा कि क्या दुनिया में इस तरह का कोई प्रधानमंत्री होगा? कांग्रेस ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष अमित शाह अपनी रैलियों में पुलवामा हमले पर राजनीति करने से नहीं चूक रहे और भाजपा शहीदों का अपमान कर रही है।
कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, ‘पुलवामा आतंकवादी हमले के बाद जब बूरा देश शहीदों के गम में डूबा था और उन्हें अश्रुपूरित श्रद्धांजलि दे रहा था उस समय प्रधानमंत्री जिम कॉर्बेट पार्ट में फिल्म की शूटिंग में व्यस्त थे। उनकी यह शूटिंग देर शाम तक चली। क्या दुनिया में इस तरह का कोई प्रधानमंत्री है? मेरे पास ऐसे प्रधानमंत्री के लिए कोई शब्द नहीं है।’ सुरजेवाला ने पीएम की शूटिंग से संबंधित अखबारों की कतरनों का हवाला दिया।
Randeep Surjewala, Congress: When the whole country was mourning the loss of lives of our jawans in #PulwamaAttack in the afternoon, PM Narendra Modi was busy shooting for a film in Jim Corbett park till evening. Is there any PM in the world like this? I have no words really. pic.twitter.com/P5mgnU3drA
— ANI (@ANI) February 21, 2019
कांग्रेस प्रवक्ता ने सरकार से पांच सवाल पूछे और इन सवालों का जवाब मांगा।
- प्रधानमंत्री पुलवामा हमले पर राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) और गृह मंत्री की विफलता को स्वीकार क्यों नहीं करते।
- सरकार को यह बताना चाहिए कि आतंकियों तक रॉकेल लांचर और आरडीएक्स कैसे पहुंचे।
- मोदी सरकार ने पुलवामा हमले से 48 घंटे पहले आए आतंकियों के वीडियो को नजरंदाज क्यों किया। 8 फरवरी 2019 के सुरक्षा अलर्ट पर ध्यान क्यों नहीं दिया गया।
- सरकार ने हवाई मार्ग से यात्रा करने सेना एवं बीएसएफ के निवेदन को खारिज क्यों किया।
- पिछले 56 महीनों में जम्मू-कश्मरी में 488 जवान शहीद हुए हैं। नोटबंदी से आतंकी हमले बंद क्यों नहीं हुए।
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि पुलवामा में यह हमला तीन बजकर 10 मिनट पर हुआ और कांग्रेस ने पांच बजकर तीस मिनट पर अपनी प्रतिक्रिया दी लेकिन पीएम को इस हमले पर दो शब्द कहने का समय नहीं मिला। उन्होंने उसी दिन कैबिनेट की बैठक क्यों नहीं बुलाई। मुंबई पर आतंकवादी हमले के बाद तत्कालीन गृह मंत्री शिवराज पाटील ने इस्तीफा दे दिया था। सरकार हमले को रोकने में अपनी नाकामी की जिम्मेदारी लेने से पीछे क्यों हट रही है। यही भाजपा का राष्ट्रवाद है